2026 स्कोडा कुशाक बेस मॉडल क्लासिक प्लस vs टॉप मॉडल मोंटे कार्लो: क्या 8.3 लाख रुपये ज्यादा खर्च करना सही है?
स्कोडा कुशाक के बेस मॉडल में वैल्यू के मामले में कमी निकालना मुश्किल है और यह आपको टॉप मॉडल के लिए दी जाने वाली अतिरिक्त कीमत पर सवाल उठाने को मजबूर कर सकता है
- Write a कमेंट

स्कोडा कुशाक हमेशा से ही इस सेगमेंट में ड्राइवर की पसंदीदा कार रही है, जबकि यह सेगमेंट आमतौर पर उन परिवारों को लुभाता है जो फीचर्स, आराम, और प्रैक्टिकैलिटी चाहते हैं। लेकिन हाल ही में मिले फेसलिफ्ट अपडेट के साथ इसमें कुछ नए फीचर जोड़े गए हैं जिससे इसका कंफर्ट लेवल बढ़ गया है। इस अपडेट के साथ लॉन्च से ही इसका स्पोर्टी मोंटे कार्लो एडिशन भी पेश किया गया है।
लेकिन 8.3 लाख रुपये के अंतर को देखते हुए, क्या मोंटे कार्लो वेरिएंट में इतनी खूबियां हैं जो इसकी ज्यादा कीमत को सही ठहरा सकें? खासकर तब जब इसका बेस मॉडल क्लासिक प्लस कागजों पर ही शानदार नजर आता है? जानेंगे आगे:
स्कोडा कुशाक क्लासिक प्लस vs मोंटे कार्लो: डिजाइन
आगे का डिजाइन
स्कोडा कुशाक के क्लासिक प्लस और मोंटे कार्लो वेरिएंट के बीच अंतर आगे से देखते ही नजर आते हैं। वहीं मोंटे कार्लो एडिशन अपने नाम के अनुरूप ही स्पोर्टी दिखता है जिसमें लाल इनसर्ट, पियानो ब्लैक ग्रिल और ग्लॉसी ब्लैक बंपर एक्सेंट हैं। इसके अलावा इसमें एलईडी डीआरएल भी है जो ग्रिल में से गुजरती है, ये इंडिविजुअल एलईडी एलिमेंट्स के साथ स्लीकी एलईडी हेडलाइट से जुड़ी हुई हैं।


क्लासिक प्लस वेरिएंट में एलईडी हेडलाइटें दी गई हैं, लेकिन इसके ऑटोमैटिक मॉडल में केवल सिंगल बार डिजाइन और कॉर्नरिंग फंक्शन के साथ आगे एलईडी फॉग लाइट मिलती हैं। बंपर भी थोड़ा ज्यादा साधारण दिखता है, जिसमें डिफ्यूजर पर ब्लैक गार्निश फिनिश मिलती है। यहां कुशाक क्लासिक प्लस के बारे में विस्तार से जानिए।
साइड
अलॉय व्हील का साइज और स्टाइल किसी भी कार की खूबसूरती में चार चांद लगा सकता है, और मोंटे कार्लो में यह चीज सही साबित हुई है। क्लासिक प्लस में साधारण 16-इंच अलॉय व्हील दिए गए हैं, जबकि मोंटे कार्लो में फैंसी 17-इंच अलॉय व्हील दिए गए हैं, जिनके अंदर लाल ब्रेक कैलिपर्स छिपे हुए हैं। इसके अलावा कुछ छोटे-मोटे अंतर भी हैं जो एक बड़ा प्रभाव डालते हैं, जैसे कि मोंटे कार्लो में डोर हैंडल पर डार्क क्रोम एक्सेंट, ग्लॉसी ब्लैक ओआरवीएम, ब्लैक बी और सी पिलर। ये सभी इसे ज्यादा प्रीमियम लुक देते हैं।


हालांकि टॉप मॉडल प्रेस्टीज की तुलना में मोंटे कार्लो में कोई ज्यादा विजुअल अपडेट नहीं किए गए हैं। यहां प्रेस्टीज और मोंटे कार्लो वेरिएंट के बीच अंतर देखें।
पीछे का डिजाइन
बेस मॉडल में एलईडी टेल लाइट तो मिलती है लेकिन इसमें कनेक्टिंग एलिमेंट्स और चमकीली स्कोडा ब्रांडिंग नहीं मिलती, ये दोनों मोंटे कार्लो में मौजूद हैं।


कुशाक बेस मॉडल को अपनी ऑल एलईडी लाइटों और अलॉय व्हील के साथ काफी अच्छा लुक मिलता है, हालांकि मोंटे कार्लो के सामने यह उतना स्पोर्टी नहीं लगता है। टॉप मॉडल ज्यादा एलिगेंट दिखता है, और कुशाक के सोफिस्टिकेटेड डिजाइन में बिना किसी अति के स्पोर्टी टच जोड़ता है। आप मोंटे कार्लो वेरिएंट के डिजाइन की सभी डिटेल्स यहां विस्तार से देख सकते हैं।
इसमें ज्यादा कलर ऑप्शन भी दिए गए हैं जिनमें ड्यूल-टोन शेड शामिल हैं और नीचे आप इनके बारे में देख सकते हैं।
स्कोडा कुशाक क्लासिक प्लस vs मोंटे कार्लो: कलर ऑप्शन
| क्लासिक प्लस |
मोंटे कार्लो |
| कार्बन स्टील |
लावा ब्लू |
| लावा ब्लू |
डीप ब्लैक |
| कैंडी व्हाइट |
कैंडी व्हाइट (ड्यूल-टोन) |
| ब्रिलियंट सिल्वर |
ब्रिलियंट व्हाइट (ड्यूल-टोन) |
| चेरी रेड |
चेरी रेड (ड्यूल-टोन) |
| - |
शिमला ग्रीन (ड्यूल टोन) |
| - |
स्टील ग्रे (ड्यूल टोन)) |
2026 स्कोडा कुशाक 8 एक्सटीरियर कलर ऑप्शन में उपलब्ध है। टॉप मॉडल मोंटे कार्लो में केवल कार्बन स्टील शेड का अभाव है, लेकिन आपको इसमें बाकी सभी कलर ऑप्शन मिलते हैं। पूरी लाइनअप में यह एकमात्र वेरिएंट है जिसमें आपको ड्यूल-टोन कलर ऑप्शन मिलते हैं।
स्कोडा कुशाक क्लासिक प्लस vs मोंटे कार्लो: केबिन
कुशाक क्लासिक प्लस वेरिएंट का केबिन सिंपल है। इसमें ब्लैक थीम के साथ ब्लैक और ग्रेइज फैब्रिक सीटें दी गई हैं, और स्टीयरिंग व्हील पर क्रोम इनसर्ट जैसी कुछ ही जगहों पर कंट्रास्ट एलिमेंट्स देखने को मिलते हैं। वहीं मोंटे कार्लो वेरिएंट डैशबोर्ड और सेंटर कंसोल पर रेड एक्सेंट के साथ ज्यादा मॉडर्न दिखता है।


इसके अलावा मोंटे कार्लो स्कोडा कुशाक की पूरी वेरिएंट लाइनअप के केवल दो ऐसे वेरिएंट्स में से एक है, जिसमें ज्यादा स्पोर्टी फील के लिए एल्युमिनियम पेडल्स दिए गए हैं, और रेड स्टिचिंग के साथ ब्लैक लेदरेट सीटें मिलती हैं। अब इनके फीचर के बीच अंतर के बारे में जानते हैं:
स्कोडा कुशाक क्लासिक प्लस vs मोंटे कार्लो: फीचर
फीचर पैकेज में अंतर साफ नजर आता है। क्लासिक प्लस में रोजाना इस्तेमाल वाली चीजों पर फोकस रखा गया है, जबकि मोंटे कार्लो में फील-गुड फीचर दिए गए हैं। लेकिन एंट्री-लेवल वेरिएंट होने के बावजूद, क्लासिक प्लस में काफी अच्छे फीचर मिलते हैं। इसमें सभी पावर विंडो, पीछे वेंट्स के साथ ऑटोमैटिक क्लाइमेट कंट्रोल, हाइट एडजस्टेबल ड्राइवर सीट, ऑटो आईआरवीएम, आगे आर्मरेस्ट और टिल्ट व टेलिस्कॉपिक एडजस्टेबल स्टीयरिंग जैसी बेसिक चीजों के अलावा, एक सिंगल-पैन सनरूफ और 6 स्पीकर जैसे कुछ फील-गुड फीचर भी दिए गए हैं। ऑटोमैटिक वर्जन में आपको क्रूज कंट्रोल और पडल शिफ्टर भी मिलते हैं। जहां ज्यादातर कार के बेस वेरिएंट में टचस्क्रीन सिस्टम नहीं मिलता है, वहीं इस वेरिएंट में आपको 7-इंच यूनिट मिलती है जो वायर्ड एपल कारप्ले और एंड्रॉइड ऑटो कनेक्टिविटी सपोर्ट करती है।


जहां तक मोंटे कार्लो की बात है, इसमें बेस मॉडल से काफी अच्छे फीचर दिए गए हैं और इसमें कई कंफर्ट फीचर जोड़े गए हैं, जिनमें पीछे सेंट्रल आर्मरेस्ट, आगे पावर्ड और वेंटिलेटेड सीटें, एक पैनोरमिक सनरूफ, वायरलेस एपल कारप्ले और एंड्रॉइड ऑटो के साथ बड़ा 10.1-इंच इंफोटेनमेंट सिस्टम, इन-बिल्ट गूगल एआई असिस्टेंस, 10.25-इंच डिजिटल ड्राइवर डिस्प्ले, पीछे सीट मसाज (सेगमेंट फर्स्ट फीचर) और एक वायरलेस फोन चार्जर शामिल है।
स्कोडा कुशाक क्लासिक प्लस vs मोंटे कार्लो: सेफ्टी
स्कोडा कुशाक में ज्यादा सेफ्टी फीचर स्टैंडर्ड दिए गए हैं, इस लिस्ट में 6 एयरबैग, ईबीडी के साथ एबीएस, इलेक्ट्रॉनिक स्टेबिलिटी कंट्रोल (ईएससी), हिल होल्ड कंट्रोल (ऑटो), रेन-सेंसिंग वाइपर, आईएसओफिक्स चाइल्ड सीट माउंट, और पीछे पार्किंग सेंसर शामिल हैं।
मोंटे कार्लो में क्लासिक प्लस वेरिएंट की तुलना में केवल एंटी-थेफ्ट अलार्म और आगे पार्किंग सेंसर ही अतिरिक्त फीचर के तौर पर मिलता है।
स्कोडा कुशाक क्लासिक प्लस vs मोंटे कार्लो: इंजन
2026 स्कोडा कुशाक दो टर्बो-पेट्रोल इंजन ऑप्शन में उपलब्ध है, जिसके स्पेसिफिकेशन नीचे दिए गए हैं:
| इंजन |
1-लीटर टर्बो-पेट्रोल |
1.5-लीटर टर्बो-पेट्रोल |
| सिलेंडर |
3-सिलेंडर |
4-सिलेंडर |
| आउटपुट |
115पीएस / 178 एनएम |
150 पीएस / 250 एनएम |
| गियरबॉक्स |
6-स्पीड एमटी/ 8-स्पीड एटी* |
7-स्पीड डीसीटी^ |
*एटी - टॉर्क कनवटर्टर ऑटोमैटिक, ^डीसीटी - ड्यूल क्लच ऑटोमैटिक
बेस मॉडल क्लासिक प्लस में केवल छोटा 1-लीटर टर्बो-पेट्रोल इंजन मिलता है, इसके साथ 6-स्पीड मैनुअल और 8-स्पीड ऑटोमैटिक का विकल्प मिलता है। वहीं मोंटे कार्लो में दोनों इंजन ऑप्शन दिए गए हैं, लेकिन इसमें केवल ऑटोमैटिक गियरबॉक्स मिलता है।
प्रो टिप: ज्यादातर मामलों में छोटे इंजन की परफॉर्मेंस पर्याप्त है। बड़े 1.5-लीटर टर्बो-पेट्रोल इंजन में तभी अपग्रेड करें जब आप हाईवे पर ज्यादा गाड़ी चलाते हों और आपको फन-टू-ड्राइव का शौक है।
स्कोडा कुशाक क्लासिक प्लस vs मोंटे कार्लो: प्राइस
| कुशाक क्लासिक प्लस |
कीमत (एक्स-शोरूम) |
| 1-लीटर टर्बो-पेट्रोल एमटी |
10.69 लाख रुपये |
| 1-लीटर टर्बो-पेट्रोल एटी |
12.69 लाख रुपये |
| कुशाक मोंटे कार्लो |
कीमत (एक्स-शोरूम) |
| 1-लीटर टर्बो-पेट्रोल एटी |
17.89 लाख रुपये |
| 1.5-लीटर टर्बो-पेट्रोल एटी |
18.99 लाख रुपये |
स्कोडा कुशाक की कीमत 10.69 लाख रुपये (एक्स-शोरूम) से शुरू होती है, यह प्राइस क्लासिक प्लस के लिए है, और टॉप मॉडल मोंटे कार्लो की रेट 18.99 लाख रुपये (एक्स-शोरूम) है।


कारदेखो की राय
जहां तक बेस मॉडल की बात है, क्लासिक प्लस में आपको ऑल-एलईडी लाइटिंग एलिमेंट्स, शानदार फीचर पैकेज, दमदार सेफ्टी किट और पावरफुल टर्बो-पेट्रोल इंजन के साथ वैल्यू फोर मनी प्रोडक्ट मिलता है। अगर आप बजट के बारे में सोचते हैं और केवल एक कॉम्पैक्ट एसयूवी कार लेना चाहते हैं जिसमें किसी भी बुनियादी चीज से समझौता न करना पड़े, तो यह वेरिएंट आपके लिए बेहतरीन विकल्प है।
लेकिन अगर आप एक प्रीमियम फील, स्पोर्टी लुक और फील-गुड फीचर चाहते हैं जो आपके कार रखने के अनुभव को और भी बेहतर बना दे, तो मोंटे कार्लो आपकी जरूरतों के हिसाब से ज्यादा सही रहेगा। इसमें आपको ज्यादा मजेदार ड्राइविंग वाला इंजन चुनने का विकल्प भी मिलता है, लेकिन इसके साथ ही आपको दूसरे वेरिएंट्स में भी बेहतर वैल्यू मिल सकती है, और आप यहां कुशाक के वेरिएंट अनुसार फीचर देख सकते हैं।
स्कोडा कुशाक का मुकाबला रेनो डस्टर, किआ सेल्टोस, हुंडई क्रेटा, टाटा सियरा, फॉक्सवैगन टाइगन, होंडा एलिवेट, मारुति ग्रैंड विटारा, मारुति विक्टोरिस, टोयोटा हाइराइडर, और एमजी एस्टर से है।
यह भी देखें: स्कोडा कुशाक ऑन रोड प्राइस














